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Nilgai Murder: रोहतक के जंगलों में नीलगाय की हत्या, आरोपित मांस और चमड़ी लेकर फरार

संजीव कौशिक, रोहतक:
Nilgai Murder: रोहतक के गांव गिरावड़ के जंगल में नील गाय की हत्या का मामला सामने आया है। सूचना मिलने पर पुलिस जगह तलाश करते हुए वहां पहुंची लेकिन इससे पहले ही नील गाय की हत्या कर दी गई थी। आरोपित भी वहां से जा चुके थे।  मुखबिर की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस को वहां सिर्फ नीलगाय की हड्डियां व चमड़ी मिली। आरोपी मांस लेकर भाग चुके थे। मामले में पुलिस ने वन्य जीव संरक्षण एक्ट व अन्य धाराओं में केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। जांच की जा रही है।

3 मार्च मनाया जाता है विश्व वन्य जीव दिवस Nilgai Murder

हर साल तीन मार्च को जीव-जंतुओ के संरक्षण लिए विश्व वन्य जीव दिवस मनाया जाता है। वीरवार को भी यह दिवस मनाया गया, लेकिन इसी दिन लाखनमाजरा थाना क्षेत्र के गिरावड़ गांव के जंगल में नील गाय की हत्या कर दी गई। हत्या करने के बाद आरोपित उसके मांस को लेकर फरार हो गए, जबकि चमड़ी व अन्य अवशेष पुलिस ने बरामद कर लिए।

 मौके पर नीलगाय की हड्‌डियां बरामद Nilgai Murder

थाना लाखन माजरा के एएसआई अजय सिंह ने बताया है कि वह अपनी टीम के साथ गश्त पर थे, तभी एक मुखबिर ने सूचना दी कि गांव गिरावड़ के पास जंगलों में एक नीलगाय का वध किया जा रहा है। सूचना के बाद मौके की ओर दोड़े। मौके पर जाकर देखा तो एक नील गाय का सिर व चमड़ी खून से सने हुए पड़े थे, वहीं उसके मांस को आरोपी लेकर जा चुके थे। मौके पर नीलगाय की हड्‌डियां भी पड़ी हुई थीं।
घटनास्थल से नील गाय की चमड़ी व सिर को सबूत के तौर पर बरामद किया गया है। पुलिस ने आसपास के खेतों में आरोपितों की तलाश की, लेकिन उनका कोई पता नहीं चला। जिसके बाद आरोपितों के खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। साक्ष्य जुटाने के बाद आरोपियों की तलाश की जा रही है।

पुलिस को भी कानों-कान खबर नहीं  Nilgai Murder

जिले के जंगलों में काफी समय से मांस के लिए नीलगाय व अन्य जीवों की बलि चढ़ाने का सिलसिला बढ़ गया है। कई बार तो पुलिस को भी कानों-कान खबर नहीं हो पाती। इस तरह के विभिन्न मामलों में पुलिस जांच कर रही है। वहीं मांस के लालची लोगों की वजह से कई वन्य जीवों को अपनी जान गंवानी पड़ी है।
हालांकि नील गाय अक्सर वाहनों की चपेट में आकर हादसे का शिकार तो हो जाती है, लेकिन नील गाय की हत्या का जिले में कई साल बाद पहला मामला सामने आया हॅै। गौरतलब है कि गायों की तस्करी के मामले भी काफी आ रहे हैं।

तीन माह के अंदर करीब 10 मामले पकड़ Nilgai Murder

पिछले तीन माह के अंदर करीब 10 मामले पकड़ जा चुके हैं। जिनमें ट्रकों में भरकर गायों को तस्करी की जा रही है। थाना प्रभारी अब्दुल्ला खान न कहा कि गिरावड़ गांव के खेतों में नील गाय की हत्या हुई है। अज्ञात आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी गई है। जल्दी ही उनकी पहचान कर आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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