Uttar Pradesh News(आज समाज नेटवर्क) नोएडा। उत्तर प्रदेश के जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से सोमवार को व्यावसायिक उड़ान सेवाओं का औपचारिक शुभारंभ हो गया। इसके साथ ही देश के नागरिक उड्डयन क्षेत्र में एक नया अध्याय जुड़ गया है। उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के. राममोहन नायडू ने कहा कि एयरपोर्ट के पहले चरण में प्रतिवर्ष 1.2 करोड़ यात्रियों को संभालने की क्षमता होगी, जबकि परियोजना के पूर्ण होने पर यह क्षमता 7 करोड़ यात्रियों से अधिक हो जाएगी।
उन्होंने कहा कि यह एयरपोर्ट घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों तरह की उड़ानों का प्रमुख केंद्र बनेगा। मंत्री ने कहा कि यह परियोजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की देशभर में विश्वस्तरीय विमानन अवसंरचना विकसित करने और कनेक्टिविटी मजबूत करने की सोच का परिणाम है। उन्होंने इसके सफल क्रियान्वयन का श्रेय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व को भी दिया।
पिछले एक दशक में देश के हवाई अड्डों के विकास पर 1.40 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश किया गया है
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि उद्घाटन की पहली व्यावसायिक उड़ान में उन किसानों को यात्रा कराई गई, जिन्होंने एयरपोर्ट निर्माण के लिए अपनी भूमि दी थी। यह उनके योगदान के प्रति सम्मान और आभार व्यक्त करने का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 में देश में 74 एयरपोर्ट थे, जिनकी संख्या बढ़कर अब 165 हो गई है। पिछले एक दशक में देश के हवाई अड्डों के विकास पर 1.40 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश किया गया है।
अहमदाबाद विमान दुर्घटना की जांच में हो रही देरी को लेकर पूछे गए सवाल पर मंत्री ने कहा कि जांच पूरी गंभीरता और निर्धारित प्रक्रियाओं के तहत की जा रही है। उन्होंने कहा कि विमान दुर्घटनाओं की जांच जटिल होती है और घटना की परिस्थितियों के अनुसार इसमें समय लग सकता है।
इस अवसर पर जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह के नेतृत्व में एयरपोर्ट के लिए भूमि देने वाले 170 किसानों का एक दल नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से लखनऊ के लिए रवाना होने वाली पहली व्यावसायिक उड़ान में सवार हुआ। माना जा रहा है कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट देश की विमानन अवसंरचना को नई मजबूती देने के साथ क्षेत्रीय एवं वैश्विक संपर्क को भी बढ़ावा देगा।


