Homeराज्यपंजाबNational Seminar on Rag Ramkali Reference in Guru Tegh Bahadur Vani at...

National Seminar on Rag Ramkali Reference in Guru Tegh Bahadur Vani at Punjabi University: पंजाबी यूनिवर्सिटी में गुरू तेग बहादुर वाणी में राग रामकली संदर्भ पर राष्ट्रीय सेमिनार

पटियाला:साहिब श्री गुरु तेग बहादुर जी के 400वें प्रकाश पर्व को समर्पित समागमों की श्रंखला में गुरु साहब की मानवता की ख़ातिर की गई क़ुरबानी और उन के पदचिन्हों को दृढ़ करवाने के लिए अलग अलग संस्थानों की तरफ़ से विभिन्न समागमों का आयोजन किया जा रहा है।

 आज गुरमति संगीत विभाग पंजाबी यूनिवर्सिटी पटियाला की तरफ़ से पंजाब सरकार के सहयोग के साथ राग रामकली: गुरु तेग बहादुर वानी संदर्भ विशेय पर आन- लाइन राष्ट्रीय सेमिनार आयोजित किया गया। इस  समागम में वायस चांसलर डा. बी अैस घुमन, पंडित सोम दत्त बट्टू शिमला, पंडित देविन्दर वर्मा दिल्ली, भाई गुरमीत सिंह शांत और डा. अर्श प्रीत सिंह रिदम पटियाला विशेष रूप में शामिल हुए।

सेमिनार का शुभारंभ गुरमति-संगीताचारिया प्रोफेसर तारा जी द्वारा राग रामकली में सुर लिपिबद्ध गुरु तेग बहादुर साहब की रचना से किया गया। इस प्रस्तुति में डा. अर्श प्रीत सिंह रिदम द्वारा अपने विद्यार्थियों के साथ मिलकर तंती साज़ों रबाब, दिलरुबा, ताऊस और जोड़ी सहित गुरु साहब की वानीका रागात्मिक कीर्तन किया।

          डा. कंवलजीत सिंह इंचार्ज गुरमति संगीत विभाग ने बताया की तंती साज़ों सहित वानी के भावों को मशहूर करते टकसाली परंपरा अनुसरण करने वाला इस कीर्तन में वानी की प्रमुखता को ध्यान में रखते कीर्तन हाज़री भरी गई। इस उपरांत संगीत शास्त्री और संगीतकार पंडित देविन्दर वर्मा ने राग रामकली सम्बन्धित खोज भरपूर जानकारी के साथ श्रोता को नयी दिशा प्रदान की।

पंडित सोम दत्त बट्टू द्वारा गुरु तेग बहादुर साहब की राग रामकली में निबद्ध वानी का रागात्मिक सौंदर्य और भावों के साथ ओतप्रोत गान पेश किया गया। सेमिनार का समापन पंथ प्रसिद्ध कीर्तनी जत्था हज़ूरी रागी भाई साहब भाई गुरमीत सिंह शांत के वख्यान के साथ हुआ। भाई साहिब द्वारा गुरु तेग बहादुर साहब की वानी का आनंदमय कीर्तन किया गया।

वायस चांसलर डा. बी. ऐस. घुमन ने समूह विद्वानों कीर्तनियों और श्रोता का धन्यवाद करते हुए कहा की यूनिवर्सिटी की तरफ़ से पंजाब सरकार के सहयोग के साथ गुरु तेग बहादुर साहब के वें प्रकाश पर्व सम्बन्धित विशेष प्रोग्राम बनाए गए हैं जो सारा साल चलेंगे।

वायस चांसलर ने बताया की गुरमति संगीत विभाग की तरफ़ से गुरु तेग बहादुर साहब द्वारा वानी के लिए प्रयोग किये गए समूह रागों का कीर्तन अंग से गान करवा कर गुरु साहब के प्रकाश पर्व के अवसर पर रिलीज किये जाएँगे जो की संगतों और गुरमति संगीत प्रेमियों के लिए एक विशेष भेंट होगी।इस अवसर पर डा. बी. ऐस. घुमन वायस चांसलर पंजाबी यूनिवर्सिटी, डा. यशपाल शर्मा, डा. पंकज माला शर्मा, डा परमवीर सिंह, प्रो. नरिंदर कौर, प्रो. स्वर लीन कौर, डा. जोति शर्मा, प्रो. पूनम जालंधर, प्रो. दलेर कौर विशेष रूप में उपस्थित थे।

SHARE
RELATED ARTICLES

Most Popular