Donald Trump at UNGA: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र को संबोधित किया। अपने संबोधन के दौरान ईरान के खिलाफ अमेरिकी कार्रवाई का बचाव किया और अपनी सरकार की विदेश नीति को शांति और अमेरिकी हितों से जोड़कर पेश किया। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने ईरान की परमाणु क्षमता को लेकर उठे खतरे का सामना किया और इसके बाद क्षेत्र में संघर्ष को खत्म कराने की कोशिश की। ट्रंप का यह भाषण ऐसे समय हुआ है, जब अमेरिका-ईरान तनाव, मध्य पूर्व में जारी संघर्ष और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को लेकर चिंताएं UNGA की चर्चाओं के केंद्र में हैं। संयुक्त राष्ट्र महासभा सत्र की सामान्य बहस 22 से 28 सितंबर तक न्यूयॉर्क में आयोजित हो रही है।
ईरान पर ट्रंप का सीधा हमला
अपने भाषण में ट्रंप ने ईरान की सरकार पर आतंकवाद और क्षेत्रीय अस्थिरता को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। उन्होंने ईरान को लंबे समय से मध्य पूर्व में हिंसा और अस्थिरता से जोड़ते हुए कहा कि अब वह पहले की तरह क्षेत्र में अपनी ताकत नहीं चला सकता। ट्रंप ने अपने प्रशासन की ईरान नीति का बचाव करते हुए कहा कि अमेरिका की सैन्य कार्रवाई का उद्देश्य ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना था। ट्रंप UNGA में अपने भाषण के जरिए ईरान के खिलाफ युद्ध को इस तर्क के साथ सही ठहराने वाले थे कि इससे तेहरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोका गया। उन्होंने कहा कि वे ईरान को एटम बम नहीं बनाने देंगे।
‘अमेरिका वापस आ चुका है’
ट्रंप ने अपने संबोधन में अमेरिका की आर्थिक और सैन्य ताकत पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि अमेरिका आज पहले से ज्यादा मजबूत है और उसकी अर्थव्यवस्था, सैन्य क्षमता तथा तकनीकी ताकत दुनिया में उसकी स्थिति को मजबूत करती है। आज अमेरिकी अर्थव्यवस्था से दुनिया जलती है। उन्होंने अमेरिकी ऊर्जा क्षमता और तकनीकी बढ़त का भी उल्लेख किया। ट्रंप का यह हिस्सा उनके व्यापक संदेश का हिस्सा था, जिसमें उन्होंने अमेरिका की राष्ट्रीय शक्ति को अपनी विदेश नीति का आधार बताया।
ट्रंप बोले- हमने शांति कायम की
ट्रंप ने अपने प्रशासन के कूटनीतिक प्रयासों को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि कई लोग शांति की बात करते रहे, लेकिन उनकी सरकार ने खतरों का सामना करते हुए शांति कायम करने की दिशा में कार्रवाई की। ट्रंप का UNGA भाषण केवल ईरान तक सीमित नहीं था। उन्होंने व्यापक वैश्विक व्यवस्था में अमेरिकी भूमिका और अपनी सरकार द्वारा किए गए शांति प्रयासों को भी प्रमुखता दी। ट्रंप के भाषण के बीच मध्य पूर्व का संकट UNGA के सबसे अहम मुद्दों में बना हुआ है। इस वर्ष की महासभा ऐसे समय हो रही है जब अमेरिका-ईरान संघर्ष, यमन में जारी तनाव और इजरायल तथा हमास के बीच संघर्ष समेत कई क्षेत्रीय संकट अंतरराष्ट्रीय एजेंडे पर हैं। ईरान और अमेरिका के बीच तनाव का असर वैश्विक ऊर्जा बाजारों पर भी पड़ा है।


