कहा, अमेरिका के साथ टकराव और वार्ता दोनों संभव, अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच चल रहा युद्ध 34वें दिन में पहुंचा
US-Iran War Update (आज समाज), तेहरान : अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध का आज 34वां दिन है। बीते 34 दिन से जहां अमेरिका और इजरायल ने ईरान के लगभग हर शहर को निशाना बनाते हुए हमले किए हैं। वहीं ईरान ने भी इजरायल और अमेरिका के सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है। जिसके चलते पश्चिम एशिया में स्थिति लगातार गंभीर बनती जा रही है। इसी बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने अमेरिकी जनता को संदेश देते हुए कहा कि ईरान और अमेरिका के बीच टकराव और वार्ता दोनों ही संभव हैं।
मसूद पेजेशकियन ने यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिका के किसी भी आक्रमण का ईरान सामना गर्व और दृढ़ता से करेगा। राष्ट्रपति पेजेशकियन ने कहा ‘आज विश्व एक महत्वपूर्ण मोड़ पर खड़ा है। टकराव का रास्ता अब पहले से कहीं अधिक महंगा और व्यर्थ है।’ उन्होंने कहा कि टकराव और वार्ता के बीच चयन वास्तविक और निर्णायक है, और इसका परिणाम आने वाली पीढ़ियों के भविष्य को आकार देगा।
ईरान सदियों से आक्रमण झेल रहा
उन्होंने ईरान के गौरवशाली इतिहास का हवाला देते हुए कहा कि सदियों से ईरान ने कई आक्रांताओं का सामना किया। उनका इतिहास में केवल दागी नाम रह गया, जबकि ईरान आज भी दृढ़, सम्मानित और गर्वित है। पेजेशकियन ने पिछले सप्ताह ट्रंप द्वारा प्रस्तावित युद्धविराम का उल्लेख नहीं किया, लेकिन उन्होंने इस्राइल पर आरोप लगाया कि उसने अमेरिका को ईरान के खिलाफ युद्ध में धकेला। उन्होंने सवाल किया क्या यह सच नहीं है कि अमेरिका इस आक्रमण में इस्राइल का प्रतिनिधि बनकर शामिल हुआ, और उस शासन द्वारा प्रभावित और नियंत्रित किया गया?
कमाल खराजी हमले में हुए घायल
ईरान के सर्वोच्च नेता के वरिष्ठ सलाहकार कमाल खराजी तेहरान में हुए अमेरिकी-इस्राइली हमले में घायल हो गए। यह जानकारी ईरान की अर्ध-सरकारी मेहर न्यूज एजेंसी के हवाले से सामने आई है। रिपोर्ट के अनुसार, बुधवार को तेहरान के रिहायशी इलाकों पर हुए हमले में खराजी को चोटें आईं। हालांकि उनकी स्थिति कितनी गंभीर है, इस बारे में विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। वहीं ईरान ने कतर के पास एक तेल टैंकर पर मिसाइल से हमला किया, हालांकि इसमें कोई हताहत नहीं हुआ। कुवैत, सऊदी अरब और जॉर्डन में भी ड्रोन और मिसाइल हमलों की खबरें सामने आई हैं। इस्राइल में भी अलर्ट जारी किया गया, जहां तेल अवीव में विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं। वहीं, लेबनान में इस्राइली हमले में कम से कम पांच लोगों की मौत हो गई।
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