Temperature in Rewari minus 1.5 degrees Celsius : माइनस डेढ़ डिग्री रहा रेवाड़ी का तापमान, बिछी बर्फ की सफेद चादर

0
1356
The temperature in Rewari dropped to minus 1.5 degrees Celsius, and a white blanket of snow covered the area.
रेवाड़ी के गांव चिल्हड में सोमवार को घास पर बिछी पाला की सफेद चादर।
  • सोमवार को जमा सीजन का पहला घना पाला

Rewari News(आज समाज नेटवर्क) रेवाड़ी। जिले में इस सीजन का पहला घना पाला पडऩे से ठंड ने लोगों की दिनचर्या को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। रविवार को जिले का न्यूनतम तापमान गिरकर माइनस 0.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था। सोमवार को भी मौसम के तेवर नरम नहीं पड़े और न्यूनतम तापमान माइनस डेढ़ डिग्री तक पहुंच गया, जबकि अधिकतम तापमान 20.5 डिग्री दर्ज किया गया। सुबह के समय घास, फसलों, पाइपों और खुले स्थानों पर सफेद पाले की मोटी परत जम गई। इससे खेतों और रिहायशी इलाकों में चारों ओर सफेदी छा गई और कड़ाके की ठंड का असर साफ तौर पर नजर आया।

कृषि विशेषज्ञों के अनुसार यह पाला गेहूं की फसल के लिए लाभकारी माना जा रहा है

सोमवार सुबह जिले के ग्रामीण इलाकों में सबसे अधिक पाला देखने को मिला। ठंड के कारण लोग देर तक अलाव तापते नजर आए और सुबह के समय सडक़ों पर आवाजाही भी कम रही। ठंडी हवाओं के साथ पाले ने सर्दी को और ज्यादा तीखा बना दिया है।कृषि विशेषज्ञों के अनुसार यह पाला गेहूं की फसल के लिए लाभकारी माना जा रहा है। इससे गेहूं की बढ़वार संतुलित होती है और फुटाव बढ़ता है, जिससे उत्पादन बेहतर होने की उम्मीद रहती है। इस समय जिले में गेहूं की फसल में दूसरा और तीसरा पानी चल रहा है, जो फसल के विकास के लिए अहम माना जाता है।

हालांकि सरसों, आलू, मटर, मूली और अन्य सब्जी फसलों के लिए पाला नुकसानदायक साबित हो सकता है। इन फसलों में पाले से पत्तियां झुलसने और वृद्धि रुकने का खतरा रहता है।इधर ठंड बढऩे के साथ ही प्रशासन की ओर से भी लोगों को सतर्क रहने की अपील की गई है। खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार व्यक्तियों को ठंड से बचाव रखने, सुबह-शाम गर्म कपड़े पहनने और अनावश्यक रूप से खुले में न निकलने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में भी रात के तापमान में खास बढ़ोतरी के आसार नहीं हैं, जिससे पाले की स्थिति बनी रह सकती है।

यह भी पढ़े:-Rewari News : नाहड़ के दो सगे भाइयों ने रचा इतिहास