Punjab Food Safety Crackdown: सोचिए, जिस नूडल्स को लोग अपने घर में बच्चों और परिवार के लिए बड़े भरोसे से खरीदकर लाते हैं, अगर वही गंदगी के बीच तैयार हो रहे हों तो क्या होगा? पंजाब के फिरोजपुर जिले से ऐसा ही चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां फूड सेफ्टी विभाग ने एक नूडल्स फैक्ट्री पर छापा मारकर कई गंभीर अनियमितताओं का खुलासा किया। जांच के दौरान फैक्ट्री में गंदगी का ऐसा हाल मिला कि अधिकारियों ने मौके पर ही फैक्ट्री को सील कर दिया और बड़ी मात्रा में तैयार नूडल्स नष्ट करवा दिए। हैरानी की बात यह है कि यह फैक्ट्री बिना लाइसेंस के चल रही थी और इसमें कई बड़े ब्रांड्स के नाम पर गंदे नूडल्स पैक किए जा रहे थे। छापेमारी के दौरान फैक्ट्री का हाल देखकर खुद अधिकारियों के होश उड़ गए।
बिना लाइसेंस के चल रही थी फैक्ट्री
फूड सेफ्टी विंग की टीम ने फिरोजपुर जिले के आलेवाला गांव में स्थित एक नूडल्स निर्माण यूनिट पर गुप्त सूचना के आधार पर अचानक छापा मारा। विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि फैक्ट्री में खाद्य सुरक्षा नियमों की अनदेखी करते हुए नूडल्स तैयार किए जा रहे हैं। जांच के दौरान शिकायतें सही साबित हुईं। जांच में सामने आया कि यह फैक्ट्री पिछले करीब डेढ़ से दो साल से बिना वैध फूड सेफ्टी लाइसेंस के संचालित हो रही थी। यह फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट, 2006 का सीधा उल्लंघन है। अधिकारियों ने बताया कि बिना लाइसेंस खाद्य पदार्थों का निर्माण और बिक्री करना कानून के खिलाफ है।
टॉयलेट के पास बन रहे थे नूडल्स
निरीक्षण के दौरान फैक्ट्री की हालत बेहद खराब मिली। जिस जगह नूडल्स तैयार किए जा रहे थे, उसके बिल्कुल पास टॉयलेट बना हुआ था। नूडल्स के आसपास बड़ी संख्या में मक्खियां भिनभिना रही थीं और बहुत ज्यादा गंदगी थी। अधिकारियों ने इसे सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बताया। फूड सेफ्टी टीम को जांच के दौरान कई अन्य खामियां भी मिलीं। फैक्ट्री में इस्तेमाल किए जा रहे पानी की किसी मान्यता प्राप्त लैब से जांच नहीं कराई गई थी। इसके अलावा वहां काम करने वाले कर्मचारियों के मेडिकल फिटनेस प्रमाणपत्र और अन्य जरूरी रिकॉर्ड भी उपलब्ध नहीं थे। अधिकारियों के अनुसार खाद्य उद्योग में काम करने वाले कर्मचारियों का स्वास्थ्य रिकॉर्ड और साफ-सफाई के नियमों का पालन करना अनिवार्य होता है।
450 किलो नूडल्स कराए गए नष्ट
जांच के दौरान फैक्ट्री में तैयार रखे गए करीब 450 किलो नूडल्स को विभाग ने मौके पर ही नष्ट करवा दिया। साथ ही जांच के लिए दो एनफोर्समेंट सैंपल भी लिए गए हैं, जिन्हें गुणवत्ता परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। छापेमारी के दौरान एक और गंभीर अनियमितता सामने आई। जांच में पता चला कि फैक्ट्री में अलग-अलग कंपनियों के ब्रांड नाम से नूडल्स की पैकिंग की जा रही थी। जब अधिकारियों ने इस संबंध में अनुमति और दस्तावेज मांगे, तो फैक्ट्री संचालक कोई वैध मंजूरी पेश नहीं कर सके। इस मामले की भी अलग से जांच की जा रही है।
फैक्ट्री सील, आगे होगी कानूनी कार्रवाई
सभी अनियमितताओं को देखते हुए फूड सेफ्टी विभाग ने फैक्ट्री को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि लैब रिपोर्ट और जांच पूरी होने के बाद फैक्ट्री संचालकों के खिलाफ फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट 2006 के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने यह भी कहा कि लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ भविष्य में भी ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।


