Punjab DA Hike News: पंजाब के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए राज्य सरकार ने महंगाई भत्ते (DA) को लेकर बड़ा फैसला लागू कर दिया है। पंजाब सरकार ने बुधवार को कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के DA में 8 प्रतिशत की बढ़ोतरी नोटिफाई कर दी। बढ़ा हुआ DA 1 सितंबर 2026 से प्रभावी माना जाएगा। सरकार के मुताबिक कर्मचारियों को प्रावधानों के तहत बढ़ी हुई राशि वेतन के साथ मिलेगी, जबकि पेंशनरों को भी नियमों के अनुसार लाभ मिलेगा। यह फैसला मुख्यमंत्री भगवंत मान और कर्मचारी व पेंशनर संगठनों के प्रतिनिधियों के बीच हालिया बैठक के बाद सामने आया है। बैठक में DA समेत कर्मचारियों और पेंशनरों से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा हुई थी। इसके बाद सरकार ने 8 प्रतिशत अतिरिक्त DA को औपचारिक रूप से अधिसूचित कर दिया।
1 सितंबर से मिलेगा बढ़े हुए DA का फायदा
सरकार के अनुसार 8 प्रतिशत की बढ़ोतरी 1 सितंबर से प्रभावी होगी। कर्मचारियों को बढ़ा हुआ DA नियमों के मुताबिक उनके वेतन के साथ मिलेगा। वहीं पेंशनभोगियों को भी संबंधित प्रावधानों के तहत बढ़े हुए महंगाई भत्ते का लाभ दिया जाएगा। इससे पहले 18 सितंबर को पंजाब सरकार ने DA में कुल 8 प्रतिशत बढ़ोतरी की घोषणा की थी। यह बढ़ोतरी दो 4-4 प्रतिशत की किस्तों में किए जाने की बात कही गई थी। इस फैसले के बाद DA की दर 42 प्रतिशत से बढ़कर 50 प्रतिशत होने की जानकारी दी गई थी।
कर्मचारी संगठनों के साथ बातचीत के बाद फैसला
DA बढ़ोतरी का मुद्दा पिछले कई सप्ताह से पंजाब के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के बीच प्रमुख मांग बना हुआ था। कर्मचारी संगठनों ने लंबित DA किस्तों और बकाया राशि के भुगतान के साथ-साथ सेवा से जुड़े अन्य मुद्दों को लेकर सरकार के सामने अपनी मांगें रखी थीं। इस मुद्दे को लेकर कर्मचारियों ने आंदोलन और हड़ताल भी की थी। 18 सितंबर को मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में सरकार और कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों के बीच बैठक हुई। इसके बाद सरकार ने 8 प्रतिशत DA बढ़ाने की घोषणा की थी। अब 23 सितंबर को इसकी अधिसूचना जारी कर दी गई है।
करीब 7.5 लाख कर्मचारियों-पेंशनरों को फायदा
इस फैसले से करीब 4 लाख सरकारी कर्मचारी और 3.5 लाख पेंशनर प्रभावित होंगे। उस समय सरकार की ओर से इस कदम की अनुमानित लागत करीब 250 करोड़ रुपये बताई गई थी। सरकार ने 8 प्रतिशत DA बढ़ोतरी के लिए चालू वित्त वर्ष के बाकी सात महीनों में करीब 1,750 करोड़ रुपये के अतिरिक्त खर्च का अनुमान बताया था। पंजाब में DA को लेकर कर्मचारियों और सरकार के बीच विवाद नया नहीं है। अगस्त में पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने लंबित DA/DR किस्तों और बकाया से जुड़े मामले में राज्य सरकार को भुगतान संबंधी निर्देश दिए थे। इसके बाद पंजाब सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था। इसी बीच कर्मचारियों और पेंशनरों के संगठनों ने लंबित भुगतान को लेकर आंदोलन जारी रखा। सितंबर की शुरुआत में सरकार और कर्मचारी प्रतिनिधियों के बीच बातचीत के लिए मंत्रियों की एक समिति भी बनाई गई थी।


