संपादकीय
शिक्षा प्रणाली में सुधार का वक्त .....
शिक्षा प्रणाली में सुधार का वक्त .....Jan 14, 2017

संविधान के 86वां संशोधन अधिनियम, 2002 के तहत मौलिक अधिकार के रूप में छह से चौदह वर्ष के आयु के सभी बच्‍चों को मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा का प्रावधान किया गया ताकि सभी बच्चों को समान रूप से शिक्षा मिल सके। इसे आरटीई अर्थात शिक्षा का अधिकार कानून नाम दिया गया जिसके तहत शिक्षा पाना हर बच्चे का कानूनी अधिकार है।

धर्म आधारित नहीं होगी राजनीति.... अब जनप्रतिनिधित्व कानून में बदलाव की बारी
धर्म आधारित नहीं होगी राजनीति.... अब जनप्रतिनिधित्व कानून में बदलाव की बारीJan 03, 2017

सुप्रीम कोर्ट का मानना है कि इस फैसले से चुनावों के दौरान धर्म-समुदाय के आधार पर लोगों को बांटने और समाज में द्वेष फैलाने वालों पर लगाम लगेगा। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि चुनाव एक धर्मनिरपेक्ष पद्धति है इसलिए चुनावों के दौरान धर्म के आधार पर वोट मांगने या वोट करने की अपील करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और इस व्यवहार को चुनावी कानूनों के तहत भ्रष्ट आचरण के बराबर माना जाएगा।

खतरे में हवाई यात्रा : रमेश ठाकुरDec 29, 2016

गोवा में जिस तरह से विमान लैंडिंग के दौरान अपना संतुलन खोकर धरती पर गिरा और हादसा होने से बचा उसे कुदरत का करिश्मा ही कहेंगे। अंदर बैठे यात्रियों ने बाहर निकलकर बताया कि जब विमान रनवे पर फिसल रहा था तो धडा़म-धड़ाम की तेज आवाजें उन्हें सुनाई दे रही थी।

त्वरित टिप्पणी/डॉ.प्रभात ओझा...टैक्स चोरों पर एक और हमलाDec 28, 2016

आप सवाल कर सकते हैं कि अध्यादेश से पुरानी व्यवस्था में फर्क क्या आयेगा। पहली बात तो यह कि तय सीमा से अधिक नोट रखने वालों पर पचार हजार रुपये अथवा जब्त नकदी के पांच गुना तक जुर्मना लगाया जा सकेगा।

राजनीति की नायिका : जयललिता
राजनीति की नायिका : जयललिताDec 17, 2016

जयललिता ने राजनीति की शुरुआत अपने राजनैतिक गुरु व मित्र एमजी रामचंद्रन के सानिध्य में की। रामचंद्रन उस समय के मुख्यमंत्री थे और जनता में उनका अपना वर्चस्व था। लेकिन जया को पूरी राजनीति थाली में परोसी हुयी नही मिली।

राम मंदिर निर्माण : आखिर कब तक जनमानस करे इंतजार : मृत्युंजय दीक्षित
राम मंदिर निर्माण : आखिर कब तक जनमानस करे इंतजार : मृत्युंजय दीक्षितDec 07, 2016

6 दिसम्बर 1992 को विश्व हिंदू परिषद के नेतृत्व में विवादित स्थल पर भव्य राम मंदिर के निर्माण के उद्देश्य हेतु अयोध्या में कारसेवा का आयोजन किया गया था

अखण्ड सौभाग्य प्राप्ति का व्रत है करवा चौथ- रमेश सर्राफ धमोरा
अखण्ड सौभाग्य प्राप्ति का व्रत है करवा चौथ- रमेश सर्राफ धमोराOct 17, 2016

कहते हैं इस प्रकार यदि कोई मनुष्य छल-कपट, अहंकार, लोभ, लालच को त्याग कर श्रद्धा और भक्तिभाव पूर्वक चतुर्थी का व्रत को पूर्ण करता है, तो वह जीवन में सभी प्रकार के दुखों और क्लेशों से मुक्त होता है और सुखमय जीवन व्यतीत करता है।

तीन तलाक पर प्रगतिशील बने मुस्लिम समाज : प्रवीण गुगनानी
तीन तलाक पर प्रगतिशील बने मुस्लिम समाज : प्रवीण गुगनानीOct 14, 2016

पर्सनल ला मामले में महत्वपूर्ण प्रगति तब हुई थी जब 18 वें विधि आयोग ने दो महत्वपूर्ण सिफारिशें की थीं, जो समान नागरिक संहिता की अवधारणा पर आधारित नहीं थीं, किंतु इस दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति थी. इसमें 1954 के विशेष विवाह अधिनियम में संशोधन कर भेदभावपूर्ण प्रावधानों को खत्म करना तथा सभी विवाहों का पंजीकरण अनिवार्य करना शामिल था.

संकीर्ण धर्मनिरपेक्षता पर मोदी की विजयी हुंकार : डॉ. ब्रह्मदीप अलूने
संकीर्ण धर्मनिरपेक्षता पर मोदी की विजयी हुंकार : डॉ. ब्रह्मदीप अलूनेOct 13, 2016

धर्म हमारी आस्था और जीवन पद्धति से जुडा होता है, धर्म को राजनीति से अलग नहीं किया जा सकता । भारत में वैदिक धर्म को माना जाता है और हमारी जीवन पद्धति और सोच में वसुधैव कटुम्बकम् की भावना रही है । स्वतंत्रता के पहले भी भारत में विभिन्न धर्मों के लोग रहते थे, दुनिया के अधिकांश धर्मों की जन्मस्थली भारत ही है ।

गिर रहा है त्यौहारों में रौनक का ग्राफ.......?
गिर रहा है त्यौहारों में रौनक का ग्राफ.......?Oct 08, 2016

आज जिस तरह से देश के विभिन्न भागों में हिदुत्व के त्योहारों का आकार सिमटता जा रहा है, यह भारत के संस्कृति के लिए अच्छा नही है, आज आप अक्सर देश के बड़े शहरों में देख सकते हैं कि बहुत से लोगों को पता ही नहीं होता कि त्यौहार कब है और न ही उसकी रौनक ही दिखाई देती है।